जगदलपुर, 05 मार्च 2026/ जिले के जगदलपुर विकासखंड अंतर्गत छोटे से गांव साड़गुड़ के एक गरीब परिवार के बच्चे को चिरायु टीम की पहल से नया जीवन मिला है। आंगनबाड़ी केन्द्र में चिरायु टीम के भ्रमण के दौरान एक माह का बच्चा अपनी मां की गोद में रोता हुआ देखा गया। पूछताछ करने पर पता चला कि उसकी मां बच्चे को टीकाकरण के लिए केन्द्र लेकर आई थी। चिरायु टीम ने जब बच्चे का स्वास्थ्य परीक्षण किया तो पाया कि बच्चा काफी कमजोर था तथा उसके होंठ कटे-फटे थे और तालु भी खुला हुआ था। इस कारण बच्चे को दूध पीने में कठिनाई हो रही थी और उसे पर्याप्त पोषण नहीं मिल पा रहा था।
चिरायु टीम ने बच्चे की मां को इस समस्या के उपचार के बारे में जानकारी दी और बच्चे को जिला शीघ्र हस्तक्षेप केन्द्र ले जाने की सलाह दी। इसके बाद बच्चे का परीक्षण जिला शीघ्र हस्तक्षेप केन्द्र में शिशु रोग विशेषज्ञ द्वारा किया गया और उसे जिला शीघ्र हस्तक्षेप केन्द्र में पंजीकृत करते हुए आगे के उपचार के लिए रायपुर रेफर किया गया। उच्च चिकित्सा संस्थान रायपुर में पहले बच्चे के होंठ की सर्जरी कराई गई। गत वर्ष 29 जून 2025 को बच्चे का सफल ऑपरेशन किया गया। ऑपरेशन के बाद बच्चे की स्थिति में लगातार सुधार होता गया। अब बच्चा हितेंद्र कश्यप दो वर्ष का हो चुका है और अब वह आसानी से खाना-पीना कर रहा है। उचित उपचार और देखभाल के कारण वह कुपोषण से भी बाहर आ गया है। बच्चे के चेहरे पर खिली मुस्कान को देखकर उसके माता-पिता के चेहरे पर भी खुशी साफ झलक रही है। बच्चे के पिता श्री गणेश कश्यप अपने पुत्र को उपचार एवं आपरेशन सुविधाएं मुहैया प्रदान करने के लिए शासन के प्रति कृतज्ञता प्रकट करते हुए कहते हैं कि यह पहल चिरायु टीम और स्वास्थ्य विभाग के समन्वित प्रयासों का एक प्रेरक पहल है, जिससे उसके बच्चे को स्वस्थ जीवन की नई राह मिली है।
