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Raipur Congress controversy : रायपुर: रायपुर के कांग्रेस भवन में 28 नवंबर की रात अज्ञात व्यक्तियों द्वारा कुछ पर्चा फेंकने का मामला सामने आया है। इन पर्चों में युवा कांग्रेस के छत्तीसगढ़ प्रभारी अमित पठानिया के खिलाफ नारे लिखे गए थे, जैसे “अमित पठानिया मुर्दाबाद” और “युवा कांग्रेस में संगठन की दलाली बंद करो”। पर्चा फेंकने वाले अभी तक अज्ञात हैं और घटना की जांच जारी है। कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने इस घटना को भाजपा की साजिश बताया। उनका कहना है कि अमित पठानिया की बढ़ती सक्रियता से भाजपा घबरा गई है और संगठन को बदनाम करने के लिए यह हरकत की गई।
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संगठन के अंदर असंतोष
हालांकि, कांग्रेस के अंदरूनी सूत्रों का कहना है कि यह मामला भाजपा से संबंधित नहीं है। इसके पीछे युवा कांग्रेस की हाल ही में जारी जिलाध्यक्षों की सूची को लेकर नाराज़गी हो सकती है। कई कार्यकर्ता और नेता अपने या अपने समर्थकों के नाम सूची में शामिल न होने से असंतुष्ट हैं। कुछ नेताओं का मानना है कि जब युवा कांग्रेस के चुनाव आने वाले महीनों में ही हैं, तो इतनी जल्दबाजी में लिस्ट जारी करने की जरूरत नहीं थी। इसे कुछ चुनिंदा लोगों को लाभ पहुंचाने वाला फैसला भी माना जा रहा है।
भविष्य की चुनौतियां
इस घटना के बाद संगठन के भीतर विवाद और असंतोष बढ़ने की संभावना है। नेताओं और कार्यकर्ताओं के बीच तालमेल बनाए रखना कांग्रेस के लिए चुनौतीपूर्ण हो सकता है। डिजिटल और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर भी यह मुद्दा तेजी से फैल रहा है, जिससे युवा कांग्रेस और अमित पठानिया के समर्थन व विरोध में बहस शुरू हो गई है।

