रायपुर . राजधानी रायपुर के वीआईपी रोड स्थित मैग्नेटो मॉल में 24 दिसंबर को हुई तोड़फोड़ और विवाद की घटना ने प्रदेश की राजनीति और प्रशासनिक व्यवस्था को हिला कर रख दिया है। इस मामले पर नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने सीधे तौर पर भाजपा सरकार को कठघरे में खड़ा करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ में कानून का राज खत्म हो चुका है और सत्ता के संरक्षण में “गुंडाराज” फल-फूल रहा है। उन्होंने दोषियों पर 24 घंटे के भीतर कड़ी कार्रवाई की मांग करते हुए चेतावनी दी कि यदि ऐसा नहीं हुआ तो कांग्रेस सड़कों से लेकर सदन तक आंदोलन करेगी।
डॉ. महंत की कड़ी चेतावनी के बाद पुलिस हरकत में आई है। रायपुर के तेलीबांधा थाना क्षेत्र में हुई इस घटना को लेकर पुलिस ने करीब 40 अज्ञात लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है।
क्रिसमस पर मॉल में अराजकता, संस्कृति पर हमला
नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने सोशल मीडिया पर जारी बयान में कहा कि क्रिसमस के मौके पर मॉल की सजावट को निशाना बनाना और वहां मौजूद आम नागरिकों व कर्मचारियों से जाति व धर्म पूछकर उन्हें डराना बेहद निंदनीय है। उन्होंने इसे छत्तीसगढ़ की शांति और सौहार्दपूर्ण संस्कृति पर “बदनुमा दाग” बताया।
डॉ. महंत ने कहा, “किसी से उसका धर्म पूछकर उसे आतंकित करना छत्तीसगढ़ की संस्कृति कभी नहीं रही। यह घटना बताती है कि असामाजिक तत्वों के हौसले इतने बुलंद हो गए हैं कि वे दिनदहाड़े राजधानी के बीचों-बीच लाठियां लेकर उत्पात मचा रहे हैं।”
प्रशासन की भूमिका पर सवाल
डॉ. महंत ने घटना के दौरान पुलिस और प्रशासन की कार्यप्रणाली पर भी गंभीर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि जब उपद्रवी मॉल के भीतर अराजकता फैला रहे थे, तब पुलिस मूकदर्शक बनी रही। “शांति का टापू” कहे जाने वाले छत्तीसगढ़ में अब लोग अपने त्योहार भी सुरक्षित तरीके से नहीं मना पा रहे हैं, जो बेहद चिंताजनक है।
40 उपद्रवियों पर एफआईआर, CCTV से पहचान
रायपुर एसएसपी डॉ. लाल उमेद सिंह ने बताया कि मैग्नेटो मॉल में लगे सीसीटीवी कैमरों और मौके पर बने वीडियो फुटेज के आधार पर उपद्रवियों की पहचान की जा रही है। पुलिस ने करीब 40 अज्ञात लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है, जिनमें से कुछ को चिह्नित कर लिया गया है। जल्द ही आरोपियों की गिरफ्तारी की जाएगी।
प्रदेश बंद के दौरान भड़की हिंसा
बताया गया है कि कांकेर में हुई सामुदायिक हिंसा और कथित अवैध धर्मांतरण के विरोध में 24 दिसंबर को सर्व समाज और हिंदुत्ववादी संगठनों ने छत्तीसगढ़ बंद का आह्वान किया था। इस दौरान ज्यादातर बाजार बंद थे, लेकिन मैग्नेटो मॉल खुला हुआ था। मॉल में क्रिसमस और नए साल को लेकर की गई सजावट को देखकर प्रदर्शनकारी भड़क गए और उन्होंने तोड़फोड़ शुरू कर दी। इस दौरान क्रिसमस ट्री और सजावटी सामान को नुकसान पहुंचाया गया, वहीं मॉल कर्मचारियों के साथ बदसलूकी और दुर्व्यवहार की भी शिकायत सामने आई है।
