|
Getting your Trinity Audio player ready...
|
CG NEWS: कबीरधाम/कांकेर। छत्तीसगढ़ के अलग-अलग जिलों से बुधवार को दो गंभीर घटनाएं सामने आई हैं। कबीरधाम जिले में जहां एक सिरफिरे युवक ने टंगिया से तीन ग्रामीणों पर जानलेवा हमला कर इलाके में दहशत फैला दी, वहीं कांकेर जिले में धर्मांतरण से जुड़े एक मामले को लेकर गांव में तनाव और झड़प की स्थिति बन गई।
कबीरधाम: टंगिया से हमला, तीन ग्रामीण गंभीर
कबीरधाम जिले के आदिवासी बाहुल्य समरू गांव में उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब गांव के ही एक युवक ने टंगिया से तीन ग्रामीणों पर अचानक हमला कर दिया। जानकारी के अनुसार तीनों ग्रामीण किसी काम से कवर्धा की ओर जा रहे थे, तभी रास्ते में खड़े आरोपी ने उन्हें रोककर ताबड़तोड़ वार कर दिए।
हमले में एक युवक की गर्दन गंभीर रूप से कट गई, दूसरे युवक की पीठ पर गहरी चोट आई, जबकि तीसरे युवक के पैर पर टंगिया से वार किया गया। घटना के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई। स्थानीय लोगों की मदद से घायलों को एंबुलेंस के जरिए जिला अस्पताल कवर्धा लाया गया, जहां तीनों की हालत गंभीर बताई जा रही है।
घटना की सूचना पर झलमला पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस आरोपी और हमले के कारणों की जांच में जुटी हुई है।
कांकेर: धर्मांतरण को लेकर विवाद, ग्रामीण और पुलिसकर्मी घायल
वहीं कांकेर जिले में धर्मांतरण को लेकर विवाद गहराता नजर आ रहा है। आमाबेड़ा थाना क्षेत्र के बड़े तेवड़ा गांव में धर्मांतरित व्यक्ति के शव को दफनाने को लेकर दो पक्ष आमने-सामने आ गए, जिससे गांव में तनाव की स्थिति बन गई।
जानकारी के अनुसार गांव के सरपंच रजमन सलाम के पिता चमराराम सलाम की रविवार को अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई थी। सरपंच ने अपने पिता का कफन-दफन गांव में ही कर दिया। इसकी जानकारी मिलते ही ग्रामीणों ने विरोध शुरू कर दिया।
बुधवार को ग्रामीण शव को कब्र से बाहर निकालने की मांग पर अड़ गए। इस दौरान शव निकालने की कोशिश भी की गई, लेकिन मौके पर मौजूद पुलिस ने स्थिति को संभाल लिया। इसी दौरान दोनों पक्षों में झूमाझटकी हुई, जिसमें कई ग्रामीण और पुलिसकर्मी घायल हो गए।