CG NEWS : रायपुर। हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट के स्पष्ट निर्देशों के बावजूद डीएड (D.El.Ed.) योग्यता धारी करीब 2300 अभ्यर्थियों को नियुक्ति नहीं मिलने से नाराज अभ्यर्थियों का 24 दिसंबर 2025 से जारी अनिश्चितकालीन आमरण अनशन 25वें दिन भी जारी है। नवा रायपुर के तूता धरना स्थल पर आंदोलनरत अभ्यर्थियों ने विरोध के प्रतीक स्वरूप मुंडन कराकर सरकार के प्रति आक्रोश जताया। कड़कड़ाती ठंड के बीच अनशन जारी रहने से कई अभ्यर्थियों की तबीयत बिगड़ गई है।
न्यायालयीन आदेशों के बावजूद नियुक्ति नहीं
डीएड अभ्यर्थियों का कहना है कि सहायक शिक्षक भर्ती 2023 के तहत 2621 बीएड अभ्यर्थियों को बर्खास्त किए जाने के बाद भी उनके स्थान पर डीएड अभ्यर्थियों की नियुक्ति नहीं की गई। आरोप है कि न्यायालयीन आदेशों की अवहेलना करते हुए बर्खास्त बीएड अभ्यर्थियों को विज्ञान प्रयोगशालाओं में समायोजित कर दिया गया, जबकि लगभग 2300 पद अब भी रिक्त हैं।
इस संबंध में उच्च न्यायालय बिलासपुर द्वारा 2 अप्रैल 2024 और पुनः 26 सितंबर 2025 को स्पष्ट आदेश दिए गए थे। इसके अतिरिक्त सुप्रीम कोर्ट ने भी 28 अगस्त 2024 को राज्य शासन को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए थे, लेकिन अब तक आदेशों का पालन नहीं किया गया।
विधानसभा में भी उठा मुद्दा
अभ्यर्थियों ने बताया कि उन्होंने कई बार ज्ञापन और आवेदन दिए, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। 17 दिसंबर 2025 को विधानसभा सत्र के दौरान विधायक रिकेश सेन द्वारा प्रश्न उठाए जाने पर शिक्षा मंत्री ने नियुक्ति की कोई समय-सीमा नहीं बताई, जिससे अभ्यर्थियों में गहरी निराशा फैल गई।
स्वास्थ्य बिगड़ा, एंबुलेंस नहीं मिली
अनशन के 25वें दिन 6 प्रदर्शनकारियों की तबीयत बिगड़ गई। अभनपुर अस्पताल ले जाने के लिए एंबुलेंस बुलाई गई, लेकिन एंबुलेंस नहीं आने पर उन्हें छोटा हाथी वाहन से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया। अब तक 13 अभ्यर्थियों की तबीयत बिगड़ चुकी है, जिनमें कांकेर की योगेश्वरी, जांजगीर-चांपा के मानवेन्द्र, बलौदाबाजार के वेदप्रकाश, राजनांदगांव के शत्रुहन राणा, कोंडागांव की संगीता नाग, दुर्ग की त्रिशला, रायगढ़ की गुलापी राठिया, महासमुंद की यशोदा देवांगन, रायपुर की रूखमणि यादव, बेमेतरा की यमुना साहू और खैरागढ़ की सुधा वर्मा शामिल हैं।
