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Akshay Garg Murder Case , कोरबा । कोरबा जिले के वरिष्ठ भाजपा नेता एवं जनपद पंचायत बिंझरा के सदस्य अक्षय गर्ग की नृशंस हत्या के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए महज 24 घंटे के भीतर साजिशकर्ता समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इस सनसनीखेज हत्या ने पूरे जिले को झकझोर कर रख दिया था और क्षेत्र में तनाव का माहौल बन गया था। पुलिस की त्वरित और सख्त कार्रवाई से मामले का खुलासा हो सका है।
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पुलिस सूत्रों के अनुसार, अक्षय गर्ग की हत्या के पीछे चुनावी रंजिश और व्यावसायिक प्रतिस्पर्धा मुख्य कारण सामने आए हैं। प्रारंभिक जांच में यह बात उजागर हुई है कि राजनीतिक वर्चस्व और रियल एस्टेट से जुड़े कारोबार को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था, जो अंततः इस खौफनाक वारदात में बदल गया।
घटना के बाद कोरबा पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर विशेष जांच टीम का गठन किया गया। टीम ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज, मोबाइल कॉल डिटेल्स और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर तेजी से जांच आगे बढ़ाई। महज 24 घंटे के भीतर पुलिस ने हत्या की साजिश रचने वाले मुख्य आरोपी, हत्या को अंजाम देने वाले हमलावर और उनके सहयोगियों को गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि अक्षय गर्ग की बढ़ती राजनीतिक सक्रियता और रियल एस्टेट कारोबार में प्रभाव को लेकर वे नाराज थे। इसी रंजिश के चलते हत्या की योजना बनाई गई और सुनियोजित तरीके से वारदात को अंजाम दिया गया। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से हत्या में प्रयुक्त हथियार और अन्य महत्वपूर्ण सबूत भी बरामद किए हैं।
अक्षय गर्ग की हत्या के बाद भाजपा कार्यकर्ताओं और समर्थकों में भारी आक्रोश देखने को मिला था। जिले के कई इलाकों में विरोध प्रदर्शन हुए और आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की गई। पुलिस की त्वरित कार्रवाई के बाद स्थिति धीरे-धीरे सामान्य हो रही है, हालांकि एहतियात के तौर पर संवेदनशील क्षेत्रों में पुलिस बल तैनात किया गया है।