अडानी पोर्ट्स को भारतीय शेयर बाजार के प्रमुख दिग्गज स्टॉक्स में शुमार किया जाता है। बीते चार कारोबारी सत्रों में इसके शेयरों में जबरदस्त खरीदारी देखने को मिली है। अप्रैल महीने की तुलना में मई की शुरुआत से ही अडानी पोर्ट्स का प्रदर्शन काफी मजबूत रहा है, जिससे निवेशकों की इसमें दिलचस्पी और बढ़ी है।
हालांकि अडानी ग्रुप के शेयर हाई रिस्क वाले माने जाते हैं, लेकिन अच्छा रिटर्न देने की क्षमता के कारण ये निवेशकों के पसंदीदा बने रहते हैं।
शेयर में कितनी बढ़ोतरी हुई?
इस सप्ताह के पहले कारोबारी दिन यानी सोमवार को अडानी पोर्ट्स के शेयर में 5% से अधिक की उछाल दर्ज की गई। सुबह 10:56 बजे तक इसके शेयर में 67.45 रुपये की तेजी रही और यह 1334.50 रुपये पर कारोबार करता दिखा।
तेजी की वजह क्या है?
1 मई 2025 को कंपनी ने अपने तिमाही नतीजे जारी किए, जो बाजार की उम्मीदों से कहीं बेहतर रहे। कंपनी का रेवेन्यू 16% बढ़कर 31,079 करोड़ रुपये पहुंच गया, जबकि टैक्स के बाद मुनाफा 37% बढ़कर 11,061 करोड़ रुपये रहा।
तुलना करें तो पिछले वित्त वर्ष की पहली तिमाही में कंपनी का रेवेन्यू 6,897 करोड़ और मुनाफा 2,015 करोड़ रुपये था।
शेयर में कितनी तेजी आई है?
25 अप्रैल को अडानी पोर्ट्स के शेयर का भाव 1,192 रुपये था, जो 30 अप्रैल तक 1,200 रुपये के आसपास पहुंचा। लेकिन 1 मई को तिमाही नतीजे आने के बाद इसमें तेज उछाल आया और यह 1,300 रुपये के करीब पहुंच गया। 2 मई से अब तक यह 1,350 रुपये के पार चला गया है।
आज के सत्र में ही इसमें लगभग 90 रुपये की बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जो हालिया प्रदर्शन के मुकाबले बेहतरीन मानी जा रही है।
क्या आप जानना चाहेंगे कि इस स्तर पर अडानी पोर्ट्स में निवेश करना कितना समझदारी भरा कदम होगा?
