Thursday, February 26, 2026

Supreme Court Election Spend PIL : सुप्रीम कोर्ट का बड़ा कदम राजनीतिक दलों के ‘अंधाधुंध’ चुनावी खर्च पर रोक की तैयारी, केंद्र को नोटिस

Must Read

लोकतंत्र की बुनियाद और ‘धनबल’ की चुनौती

यह याचिका गैर-सरकारी संगठन (NGO) ‘Common Cause’ और ‘सेंटर फॉर पब्लिक इंटरेस्ट लिटिगेशन’ (CPIL) की ओर से दायर की गई है। याचिकाकर्ता का मुख्य तर्क है कि वर्तमान में उम्मीदवारों के लिए तो खर्च की सीमा तय है, लेकिन राजनीतिक दलों के लिए ऐसी कोई प्रभावी सीमा नहीं है।

वरिष्ठ अधिवक्ता प्रशांत भूषण ने अदालत में दलील दी कि राजनीतिक दलों द्वारा धनबल का अनियंत्रित इस्तेमाल न केवल चुनावी प्रक्रिया को असंतुलित करता है, बल्कि यह लोकतंत्र की मूल भावना के खिलाफ भी है। उन्होंने हालिया चुनावी आंकड़ों का हवाला देते हुए कहा कि बड़ी पार्टियां हजारों करोड़ रुपये खर्च कर छोटे दलों और निर्दलीय उम्मीदवारों के लिए समान अवसर (Level Playing Field) खत्म कर रही हैं।

अदालत की टिप्पणी और 6 हफ्ते का समय

सुनवाई के दौरान अदालत ने माना कि चुनावों में पारदर्शिता और निष्पक्षता बनाए रखने के लिए खर्च पर नियंत्रण आवश्यक है। जस्टिस जॉयमाल्य बागची और जस्टिस विपुल एम. पांचोली की पीठ ने मामले को छह हफ्ते बाद विस्तृत सुनवाई के लिए सूचीबद्ध किया है। कोर्ट ने चुनाव आयोग से पूछा है कि क्या राजनीतिक दलों के खर्च पर लगाम लगाने के लिए कोई मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) तैयार की जा सकती है।

“मौजूदा कानून उम्मीदवारों पर तो लगाम कसते हैं, लेकिन पार्टियां पर्दे के पीछे से करोड़ों खर्च करती हैं। यह ‘प्रेसिडेंशियलाइजेशन’ (एक ही चेहरे पर सारा फोकस) की ओर ले जा रहा है, जो हमारे संसदीय ढांचे के लिए खतरा है।”
— प्रशांत भूषण, वरिष्ठ अधिवक्ता

इस फैसले का सीधा असर आने वाले समय में देश के चुनावी परिदृश्य पर पड़ेगा:

  • पारदर्शिता: यदि खर्च की सीमा तय होती है, तो राजनीतिक दलों को अपने हर एक रुपये का हिसाब सार्वजनिक करना होगा।
  • आम आदमी की भागीदारी: धनबल कम होने से बिना बड़े फंड वाले ईमानदार उम्मीदवारों के जीतने की संभावना बढ़ेगी।
  • चुनाव आयोग की भूमिका: आयोग को अब राजनीतिक विज्ञापनों, रैलियों और सोशल मीडिया कैंपेन पर होने वाले खर्च की निगरानी के लिए नई गाइडलाइंस बनानी पड़ सकती हैं।
    Latest News

    Big Action By ACB : SBI में 2 करोड़ के गबन मामले में महिला कैशियर गिरफ्तार, मोबाइल से खुलेंगे कई राज

    बिलासपुर। छत्तीसगढ़ की एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने बैंकिंग जगत में हड़कंप मचाने वाले एक बड़े घोटाले का पर्दाफाश...

    More Articles Like This