00 झांसी में रूह कंपा देने वाली वारदात सामने आई है। रिटायर्ड रेलवे कर्मी ने लिव-इन पार्टनर की हत्या कर दी और फिर शव को एक नीले ड्रम में डाल ठिकाने लगाने की जुगत में था मगर शव ड्रम में नहीं आया तब बाजार से एक नीला बड़ा टीन का बक्शा ले आया और उसमें शव के टुकड़े कर डाल दिया फिर टुकड़ों को रोज थोड़ा थोड़ा जलाया मगर अंततः पकड़ा गया।
पुलिस के अनुसार, आरोपी की पहचान राम सिंह परिहार (उर्फ बृजभान) के रूप में हुई है। वह रेलवे से रिटायर्ड कर्मचारी है। आरोपी अपनी उम्र से आधी (32 साल छोटी) महिला प्रीति (32 वर्ष) के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में रह रहा था। उससे पहले उसने दो और शादियां की है। हत्या करने के बाद, आरोपी ने पकड़े जाने के डर से अपराध के निशान मिटाने की खौफनाक साजिश रची। वह कई दिनों तक एक-एक करके पीड़िता के शरीर के अंगों को जलाता रहा ताकि किसी को शक न हो।
0 पुलिस की कार्रवाई और खुलासा
इस चौंकाने वाले मामले का खुलासा तब हुआ जब पुलिस को संदिग्ध गतिविधियों की सूचना एक मालवाहक ऑटो रिक्शा चालक से मिली। जिसके ऑटो में राम सिंह ने एक नीले बड़े बक्शे को एक जगह से दूसरी जगह छुड़वाया था। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए राम सिंह को हिरासत में लिया, जिसके बाद इस नृशंस हत्याकांड की परतों से पर्दा उठा।
आरोपी अब पुलिस की गिरफ्त में है और मामले की गहन जांच जारी है।
पुलिस के मुताबिक, प्रेमिका प्रीति से रिश्ते बिगड़ने, पैसों की लगातार मांग और धोखे से परेशान होकर राम सिंह काफी समय से उसे ठिकाने लगाने की योजना बना रहा था. इसी तैयारी के तहत उसने सीपरी बाजार थाना क्षेत्र के ब्रह्मनगर इलाके में एक कमरा किराए पर लिया, जहां आसपास मजदूर रहते थे ताकि उसकी गतिविधियों पर किसी का शक न जाए. यहीं पर उसने हत्या की पूरी स्क्रिप्ट तैयार की.
0 राम सिंह ने खोले हत्या के कई राज
पूछताछ में राम सिंह ने बताया कि घटना वाले दिन उसने प्रीति के साथ शराब पी. जब वह नशे में आ गई, तो उसने उसकी हत्या कर दी. इसके बाद शव को कंबल और तिरपाल में लपेटकर नीले बक्से में रख दिया. चौंकाने वाली बात यह है कि उसने पहले से ही उसके शव को जलाने के लिए लकड़ियां इकट्ठा कर रखी थीं. धीरे-धीरे बक्से के अंदर ही शव को जलाया गया, ताकि बाहर धुआं या तेज बदबू न फैले. पुलिस के अनुसार, सर्दी का मौसम होने के कारण दुर्गंध भी ज्यादा महसूस नहीं हुई और आरोपी को अपने प्लान को अंजाम देने में मदद मिल गई.
0 जले हुए बक्से को भेज दिया दूसरी पत्नी के घर
शव जलने के बाद बची राख और हड्डियों के अवशेषों को बोरियों में भरकर नदी में बहा दिया. इसके बाद रामसिंह ने सबूत मिटाने की अगली कड़ी के तहत दूसरी पत्नी के बेटे नितिन को बुलाया और जले हुए नीले बक्से के बाकी हिस्से को वहां भिजवा दिया. यहीं से मामला उजागर हुआ, जब पुलिस को संदूक में संदिग्ध सामग्री की सूचना मिली और बक्सा खुलते ही अंदर राख और हड्डियों के अवशेष मिले.
एसपी सिटी प्रीति सिंह ने बताया कि 17-18 जनवरी की रात सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की गई. तेजी से कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी राम सिंह को गिरफ्तार कर लिया गया. पूछताछ में उसने स्वीकार किया कि मृतका से उसके लंबे समय से संबंध थे और इसी रिश्ते के टूटने के बाद उसने हत्या को अंजाम देने की पूरी प्लानिंग की थी.
